स्टॉक बाजार या प्रतिभूति बाजार एक बाजार है जहां शेयरों, ब्रांडों और डिबेन्चरों के रूप में फर्मों द्वारा जारी की गई प्रतिभूतियां मुक्त रूप से खरीदी और बेची जा सकती है। इसमें प्राथमिक बाजार और द्वितीयक बाजार शामिल हैं।
प्राथमिक बाजार या नया निर्गम बाजार ऐसा बाजार है जो नए प्रतिभूतियों के निर्गम से संबंधित है। कम्पनी बहुधा कारोबार की स्थापना करने या अपने कारोबार को विस्तारित करने के लिए प्राथमिक बाजार के जरिए निधियां जुटाती हैं।
- विवरणिका द्वारा : विवरणिका के निर्गम द्वारा जन सामान्य से पूंजी जुटाई जा सकती है। विवरणिका जन सामान्य के लिए पूंजी खरीदने के निमित्त आमंत्रण है। इसमें कम्पनी के विवरण, इसकी वित्तीय स्थिति आदि के संबंध में विभिन्न ब्यौरा होता है।
- बिक्री के लिए पेशकश द्वारा :- यह प्रविधि लगभग विवरणिका के समान ही है अंतर यह है कि आरंभिक शेयर भारी मात्रा में तृतीय पक्ष द्वारा लिए जाते है। बाद में विवरणिका जैसे विवरण जनता के लिए शेयरों की बिक्री हेतु जारी की जाती है।
- निजी नियोजन द्वारा : शेयर व्यष्टियां संस्थाओं को प्रत्यक्ष रूप से उनको निजी अपील करके बेचे जाते हैं।
- अधिकार निर्गमों की पेशकश द्वारा : कम्पनियां मौजूदा शेयरधारकों से भी अधिकार निर्गम जारी करके पूंजी जुटा सकती है। अधिकार निर्गम के अंतर्गत शेयरधारकों को उनके द्वारा धारित शेयरों के समानुपात में निश्चित संख्या के शेयरों को अधिकार होता है।
द्वितीयक बाजार या स्टॉक एक्सचेंज सेकेण्ड हैण्ड सूचीबद्ध या बोली लगाई गई प्रतिभूतियों की खरीद और बिक्री के लिए उच्च स्तर का सुव्यस्थित बाजार है (विशेष प्रतिभूति की बोली लगाना या सूचीबद्ध करने का अभिप्राय है उस प्रतिभूति को स्टॉक बाजार के रजिस्टर में निगमित करना)। यह व्यष्टियों के निकाय का संघ या संगठन है, चाहे निगमित हो या नहीं, जिसकी स्थापना प्रतिभूतियां खरीदने, बेचने एवं कारोबार करने के व्यवसाय को सहायता देने, विनियमित और नियंत्रित करने के लिए की गई है।
स्टॉक बाजार के विभिन्न लिखतों में निम्नलिखित शामिल हैं :-
- शेयर जो कम्पनी द्वारा अर्जित लाभ में सहभागी होने के लिए निवेशेकों की अभिरूचि या अधिकार का द्योतक है (इसे ऊपर के तर्ज पर मापा जाता है) जबकि यह सतत प्रतिष्ठान या कम्पनी की परिसम्पत्ति में जब इसे समाप्त किया जाता है।
- आईपीओ या आरंभिक सार्वजनिक पेशकश प्राथमिक बाजार में पूंजी जुटाने के प्रयोजन से कम्पनी के सामान्य शेयरों को सार्वजनिक निवेशकों की पहली बिक्री है।
- म्यूचुअल फंड विभिन्न व्यष्टि निवेशकों की बचतों और संसाधनों का दोहन करने का तंत्र है विशेषकर लघु निवेशकों की और उन्हें कम्पनियों के शेयरों और प्रतिभूतियों में लगाना है।
- बांड एक प्रतिभूति है दीर्घावधि के लिए निश्चित नियत समय में या ऋण के दौरान बांडधारक को देय नियत ब्याज दर पर निश्चित राशि है।
स्टॉक बाजार के मूल्य निर्धारण का अभिप्राय प्राथमिक तथा द्वितीयक बाजार में प्रतिभूतियां जारी करने के विभिन्न विकल्पों का मूल्यांकन करना होता है। यह एक उपकरण है जो निवेशकों को प्रत्येक स्टॉक की भावी क्षमता की जांच करने तथा जारीकर्ता की क्षमता जानने में समर्थ बनाता है। इसका संकेन्द्रण लाभ या हानि के सापेक्ष दर्ज निवेशकों को सूचित करने पर है जो नियम के अनुसार आय के लिए अन्य लिखतों की तुलना में निवेश पर बल देता है। तथापि, जारी प्रतिभूतियों का मूल्यांकन खरीदने या बेचने की अनुशंसाएं नहीं हैं, यह निवेशकों के लिए किसी विशेष प्रतिभूति की स्थायित्व को नहीं दर्शाता है।
कॉरर्पोरेट, सरकार आदि द्वारा जारी बांडों का दर निर्धारण बांड दर निर्धारण कहलाता है। कम्पनी द्वारा जारी अधिमान शेयर का निर्धारण अधिमान शेयर दर निर्धारण कहलाता है। जबकि कम्पनी द्वारा जारी इक्विटी शेयर का दर निर्धारण इक्विटी दर निर्धारण कहलाता है।
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